भारत-बांग्लादेश सीमा पर तनाव: 9 नागरिक नो-मैन्स लैंड में फंसे, BGB ने वापस लेने से किया इनकार
भारत-बांग्लादेश सीमा के मनकाचर सेक्टर में 9 बांग्लादेशी नागरिक नो-मैन्स लैंड में फंसे हैं। BGB ने उन्हें वापस लेने से इनकार कर दिया है। BSF और BGB के बीच फ्लैग मीटिंग बेनतीजा रही और अगली बैठक की तैयारी है।
गुवाहाटी। भारत-बांग्लादेश सीमा पर असम के मनकाचर सेक्टर में एक बार फिर तनाव की स्थिति पैदा हो गई है। नो-मैन्स लैंड में 9 बांग्लादेशी नागरिक फंसे हुए हैं, जिन्हें लेकर दोनों देशों की सीमा सुरक्षा एजेंसियों के बीच गतिरोध जारी है।
नो-मैन्स लैंड में फंसे 9 लोग
सूत्रों के अनुसार, 9 लोग भारत-बांग्लादेश सीमा के नो-मैन्स लैंड क्षेत्र में फंसे हुए पाए गए हैं। ये सभी बांग्लादेशी नागरिक बताए जा रहे हैं। स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, ये लोग काम के सिलसिले में सीमा पार आए थे।
इनमें से एक व्यक्ति का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें वह खुद को बांग्लादेशी नागरिक बताते हुए वापसी की मांग करता नजर आता है।
BGB ने वापस लेने से किया इनकार
सबसे बड़ा विवाद तब खड़ा हुआ जब बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश (BGB) ने इन नागरिकों को वापस लेने से इनकार कर दिया। इस फैसले के बाद सीमा पर स्थिति और तनावपूर्ण हो गई।
BSF-BGB फ्लैग मीटिंग बेनतीजा
इस मामले को सुलझाने के लिए सीमा सुरक्षा बल (BSF) और BGB के बीच कई दौर की फ्लैग मीटिंग हुई, लेकिन कोई ठोस नतीजा नहीं निकल सका।
BSF सूत्रों के अनुसार, आज एक और बैठक प्रस्तावित है, जिसमें इस गतिरोध को खत्म करने की कोशिश की जाएगी।
सीमा पर बढ़ी सतर्कता
तनाव को देखते हुए भारत की ओर से सीमा पर निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया गया है। BSF ने हाल के दिनों में कई संदिग्ध घुसपैठियों को भी वापस भेजा है।
पिछले सप्ताह असम पुलिस और BSF की संयुक्त कार्रवाई में 21 लोगों को सीमा पार करने से रोका गया था।
स्थानीय प्रशासन अलर्ट पर
असम के सीमावर्ती क्षेत्रों में प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने भी सीमा सुरक्षा एजेंसियों की कार्रवाई की सराहना की है।




