राम मंदिर ट्रस्ट में बड़ा बदलाव: चंपत राय का इस्तीफा मंजूर, बजरंग लाल बागड़ा बने नए महासचिव
अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बैठक में चंपत राय का इस्तीफा स्वीकार कर लिया गया। विश्व हिंदू परिषद के अंतरराष्ट्रीय महामंत्री बजरंग लाल बागड़ा को ट्रस्ट का नया महासचिव नियुक्त किया गया।
अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की सोमवार को हुई महत्वपूर्ण बैठक में बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया गया। ट्रस्ट ने लंबे समय से महासचिव रहे चंपत राय का इस्तीफा आधिकारिक रूप से स्वीकार करते हुए विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) के अंतरराष्ट्रीय महामंत्री बजरंग लाल बागड़ा को सर्वसम्मति से नया महासचिव नियुक्त कर दिया। ट्रस्ट का कहना है कि यह निर्णय मंदिर की प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ तथा संचालन को प्रभावी बनाने के उद्देश्य से लिया गया है।
यह फैसला ऐसे समय में आया है, जब राम मंदिर में चढ़ावे और दान प्रबंधन को लेकर विभिन्न स्तरों पर चर्चाएं चल रही हैं। हालांकि ट्रस्ट ने नियुक्ति को नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया का हिस्सा बताया है।
सर्वसम्मति से हुआ निर्णय
ट्रस्ट की बैठक में सभी सदस्यों की सहमति से बजरंग लाल बागड़ा के नाम पर मुहर लगी। सूत्रों के अनुसार, बागड़ा अयोध्या में मौजूद थे, लेकिन प्रशासनिक और औपचारिक कारणों से बैठक में प्रत्यक्ष रूप से शामिल नहीं हुए। आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद वह जल्द ही महासचिव का कार्यभार संभालेंगे।
ट्रस्ट का मानना है कि नई नियुक्ति से मंदिर के प्रबंधन, विकास कार्यों और प्रशासनिक निर्णयों को और अधिक गति मिलेगी।
कौन हैं बजरंग लाल बागड़ा?
राजस्थान के सीकर जिले के निवासी बजरंग लाल बागड़ा लंबे समय से विश्व हिंदू परिषद से जुड़े हुए हैं और वर्तमान में संगठन के अंतरराष्ट्रीय महामंत्री के रूप में कार्य कर रहे हैं।
उनकी प्रारंभिक शिक्षा लोसल के सरकारी माध्यमिक विद्यालय में हुई। राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की मेरिट सूची में स्थान प्राप्त करने के साथ उन्हें नेशनल मेरिट स्कॉलरशिप भी मिली। छात्र जीवन में वे फर्स्ट क्लास स्काउट और पेट्रोल लीडर रहे।
इसके बाद उन्होंने जयपुर के यूनिवर्सिटी कॉलेज ऑफ कॉमर्स से बी.कॉम की पढ़ाई पूरी की और द इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (आईसीएआई) से चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) की उपाधि हासिल की। सामाजिक और धार्मिक संगठनों में लंबे अनुभव के कारण उन्हें ट्रस्ट की नई जिम्मेदारी सौंपी गई है।
चंपत राय का रहा अहम योगदान
महासचिव के रूप में चंपत राय ने श्रीराम जन्मभूमि मंदिर निर्माण की पूरी प्रक्रिया, ट्रस्ट के प्रशासनिक संचालन, दान प्रबंधन और विभिन्न विकास कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके कार्यकाल में राम मंदिर निर्माण का बड़ा हिस्सा पूरा हुआ और श्रद्धालुओं के लिए मंदिर के कई हिस्से खोले गए।
अब उनके इस्तीफे के बाद ट्रस्ट के प्रशासनिक नेतृत्व की जिम्मेदारी बजरंग लाल बागड़ा संभालेंगे।
प्रशासनिक ढांचे को मजबूत करने की पहल
ट्रस्ट के अनुसार नई नियुक्ति का उद्देश्य मंदिर के प्रशासनिक ढांचे को और अधिक मजबूत करना तथा भविष्य की परियोजनाओं और व्यवस्थाओं को सुचारु रूप से संचालित करना है। आने वाले समय में मंदिर परिसर के विस्तार, श्रद्धालुओं की सुविधाओं और अन्य विकास योजनाओं पर भी नई टीम का विशेष ध्यान रहेगा।
दान विवाद के बीच आया फैसला
महासचिव पद पर यह बदलाव ऐसे समय हुआ है जब राम मंदिर के चढ़ावे और दान प्रबंधन को लेकर राजनीतिक और सार्वजनिक स्तर पर बहस जारी है। हालांकि ट्रस्ट ने स्पष्ट किया है कि महासचिव की नियुक्ति नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत की गई है और इसका उद्देश्य मंदिर की व्यवस्थाओं को और अधिक प्रभावी बनाना है।




