UP के वकीलों को योगी सरकार की बड़ी सौगात, ₹5 लाख का स्वास्थ्य बीमा और 400 विधि अधिकारियों को टैबलेट

प्रयागराज में CM योगी आदित्यनाथ ने वकीलों के लिए ₹5 लाख सालाना कैशलेस इलाज, हाईकोर्ट में 10 हजार वाहनों की क्षमता वाली मल्टीलेवल पार्किंग और 400 राज्य विधि अधिकारियों को टैबलेट देने का ऐलान किया। जानिए पूरी खबर।
प्रयागराज, उत्तर प्रदेश। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को प्रयागराज में अधिवक्ताओं के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन की कार्यकारिणी 2025-26 की ओर से आयोजित स्वागत समारोह में मुख्यमंत्री ने वकीलों के स्वास्थ्य बीमा, हाईकोर्ट परिसर में पार्किंग व्यवस्था और न्यायिक कामकाज को तकनीक से जोड़ने से संबंधित तीन बड़े फैसलों का ऐलान किया।
मुख्यमंत्री के इन निर्णयों को प्रदेश के अधिवक्ताओं के लिए सामाजिक सुरक्षा मजबूत करने और न्यायिक व्यवस्था को आधुनिक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
वकीलों को मिलेगा ₹5 लाख तक का कैशलेस इलाज
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घोषणा की कि उत्तर प्रदेश में हाईकोर्ट और जिला अदालतों में सक्रिय रूप से प्रैक्टिस करने वाले अधिवक्ताओं को ₹5 लाख तक के वार्षिक कैशलेस मेडिकल इंश्योरेंस की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
इस योजना का उद्देश्य वकीलों को गंभीर बीमारी, आकस्मिक उपचार और महंगे इलाज के दौरान आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना है। कैशलेस स्वास्थ्य बीमा की सुविधा मिलने से पात्र अधिवक्ताओं को इलाज के लिए तत्काल बड़ी रकम का इंतजाम करने की परेशानी से राहत मिल सकती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के न्यायिक ढांचे में अधिवक्ताओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। ऐसे में उनके स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर ध्यान देना आवश्यक है।
हालांकि, योजना के विस्तृत नियम, पात्रता, प्रीमियम की व्यवस्था और इसके लागू होने की समयसीमा से संबंधित जानकारी अभी सामने नहीं आई है। इन बिंदुओं पर आधिकारिक दिशा-निर्देश जारी होने के बाद स्थिति और स्पष्ट होगी।
हाईकोर्ट परिसर में बनेगी मल्टीलेवल पार्किंग
प्रयागराज स्थित इलाहाबाद हाईकोर्ट परिसर में पार्किंग की समस्या को दूर करने के लिए मुख्यमंत्री ने मल्टीलेवल पार्किंग तैयार करने की घोषणा की।
प्रस्तावित पार्किंग में 10 हजार वाहनों की क्षमता होने की जानकारी दी गई है। हाईकोर्ट परिसर में रोजाना बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं, वादकारियों और अन्य लोगों का आवागमन होता है। ऐसे में पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने पर आसपास के क्षेत्रों में यातायात का दबाव बढ़ जाता है।
नई मल्टीलेवल पार्किंग तैयार होने के बाद परिसर में आने वाले लोगों को वाहन खड़ा करने में सुविधा मिलने की उम्मीद है। साथ ही, हाईकोर्ट के आसपास जाम और अव्यवस्थित पार्किंग की समस्या को कम करने में भी मदद मिल सकती है।
इस परियोजना की निर्माण लागत, स्थान, निर्माण एजेंसी और पूरा होने की समयसीमा के संबंध में विस्तृत जानकारी अभी उपलब्ध नहीं कराई गई है।
400 राज्य विधि अधिकारियों को मिलेंगे टैबलेट
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने न्यायिक कामकाज को आधुनिक तकनीक से जोड़ने के लिए 400 राज्य विधि अधिकारियों को टैबलेट देने की भी घोषणा की।
इस पहल का उद्देश्य राज्य विधि अधिकारियों को डिजिटल कानूनी दस्तावेजों, केस फाइलों, अदालती फैसलों और अन्य आवश्यक सूचनाओं तक आसान पहुंच उपलब्ध कराना है।
ई-कोर्ट व्यवस्था को बढ़ावा मिलने से कानूनी दस्तावेजों के प्रबंधन, सूचनाओं के आदान-प्रदान और न्यायिक कार्यों में तकनीकी सहायता बेहतर हो सकती है। इससे कागजी रिकॉर्ड पर निर्भरता कम करने और कामकाज को अधिक व्यवस्थित बनाने में भी मदद मिलने की संभावना है।
हालांकि, टैबलेट वितरण की तारीख, डिवाइस की तकनीकी विशेषताएं और वितरण की प्रक्रिया के बारे में विस्तृत जानकारी बाद में सामने आ सकती है।
अधिवक्ताओं और न्याय व्यवस्था के लिए अहम फैसले
प्रयागराज में मुख्यमंत्री की घोषणाओं में अधिवक्ताओं के स्वास्थ्य, न्यायालय परिसर की सुविधाओं और तकनीकी आधुनिकीकरण पर विशेष जोर दिखाई दिया।
₹5 लाख के कैशलेस स्वास्थ्य बीमा से वकीलों को आर्थिक सुरक्षा देने का प्रयास किया गया है, जबकि मल्टीलेवल पार्किंग से हाईकोर्ट परिसर में यातायात व्यवस्था सुधारने की उम्मीद है। वहीं, 400 राज्य विधि अधिकारियों को टैबलेट देने का फैसला न्यायिक कामकाज में डिजिटल तकनीक के इस्तेमाल को बढ़ावा दे सकता है।
इन घोषणाओं के वास्तविक प्रभाव का आकलन इनके क्रियान्वयन, पात्रता नियमों और परियोजनाओं की समयसीमा स्पष्ट होने के बाद किया जा सकेगा।




