उत्तर प्रदेश के स्कूलों में बड़ा बदलाव: मोबाइल पर पूरी तरह रोक, छात्रों को रोज पढ़नी होगी न्यूज
“UP School New Rules 2026: उत्तर प्रदेश के माध्यमिक विद्यालयों में 1 अप्रैल से मोबाइल फोन पूरी तरह बैन रहेगा और प्रार्थना सभा में अखबार पढ़ना अनिवार्य किया गया है। जानिए पूरा नियम, कारण और छात्रों पर असर।”
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के माध्यमिक विद्यालयों में 1 अप्रैल से शुरू हो रहे नए शैक्षणिक सत्र में छात्रों के लिए नए नियम लागू किए जा रहे हैं। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद ने विद्यार्थियों की पढ़ाई की गुणवत्ता सुधारने और स्क्रीन टाइम कम करने के उद्देश्य से यह निर्णय लिया है।
प्रार्थना सभा में अखबार पढ़ना होगा अनिवार्य
नए शैक्षणिक कैलेंडर के अनुसार अब हर स्कूल की प्रार्थना सभा में छात्र-छात्राएं रोजाना अखबार की प्रमुख खबरें पढ़ेंगे।
- कठिन शब्दों का अर्थ समझाया जाएगा
- सही उच्चारण और वाक्य प्रयोग पर जोर रहेगा
- इससे भाषा कौशल और सामान्य ज्ञान में सुधार होगा
शिक्षकों को यह जिम्मेदारी दी गई है कि वे विद्यार्थियों को समाचारों की बेहतर समझ विकसित कराएं।
स्कूल में मोबाइल लाने पर पूरी तरह प्रतिबंध
विद्यालयों में छात्रों के मोबाइल लाने पर पूर्ण रूप से रोक लगा दी गई है।
परिषद का मानना है कि अधिक मोबाइल उपयोग से—
- पढ़ाई में ध्यान कम होता है
- आंखों की रोशनी प्रभावित होती है
- ऑनलाइन गेम्स की लत बढ़ती है
इसी को ध्यान में रखते हुए यह सख्त कदम उठाया गया है।
डिजिटल शिक्षा को भी मिलेगा बढ़ावा
जहां एक ओर मोबाइल पर रोक लगाई गई है, वहीं दूसरी ओर डिजिटल लर्निंग को संतुलित रूप में बढ़ावा दिया जाएगा।
- सभी छात्रों के ईमेल आईडी बनाए जाएंगे
- शैक्षणिक ऐप्स और प्लेटफॉर्म से जोड़ा जाएगा
- स्मार्ट क्लास और आईटी आधारित पढ़ाई को बढ़ावा मिलेगा
शिक्षा में संतुलन बनाने की कोशिश
इस नई व्यवस्था का उद्देश्य पारंपरिक और आधुनिक शिक्षा के बीच संतुलन बनाना है।
- किताब और अखबार से पढ़ने की आदत विकसित होगी
- तकनीक का सही और उपयोगी इस्तेमाल सिखाया जाएगा
अधिकारियों को निर्देश जारी
परिषद के सचिव ने सभी जिला विद्यालय निरीक्षकों और मंडलीय अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि इस व्यवस्था को सख्ती से लागू कराया जाए, ताकि छात्रों के सर्वांगीण विकास को सुनिश्चित किया जा सके।
1 अप्रैल से लागू होने वाले ये नियम छात्रों के अनुशासन, भाषा ज्ञान और मानसिक विकास को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम माने जा रहे हैं।




