कांग्रेस का बड़ा संगठनात्मक फेरबदल, यूपी के 6 जोन में तैनात किए AICC सचिव; अब्दुल हन्नान को अवध की कमान

UP Congress ने संगठन को मजबूत करने के लिए उत्तर प्रदेश को 6 जोन में बांटकर AICC सचिवों को जिम्मेदारी दी है। अब्दुल हन्नान को अवध क्षेत्र की कमान मिली है।
लखनऊ। UP Congress ने उत्तर प्रदेश में संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। कांग्रेस के यूपी प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने प्रदेश में नवनियुक्त छह AICC सचिवों के बीच जिम्मेदारियों का विभाजन कर दिया है। इसके तहत पूरे उत्तर प्रदेश को छह जोन में बांटा गया है और प्रत्येक जोन की जिम्मेदारी एक AICC सचिव को सौंपी गई है।
पार्टी की ओर से जारी व्यवस्था के मुताबिक यह जिम्मेदारी तत्काल प्रभाव से लागू होगी। संबंधित सचिव अपने-अपने जोन के जिलों और विधानसभा क्षेत्रों में कांग्रेस की संगठनात्मक गतिविधियों का समन्वय, समीक्षा और निगरानी करेंगे।
संगठन को बूथ और विधानसभा स्तर तक मजबूत करने की तैयारी
उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए कांग्रेस ने संगठन को मजबूत करने पर फोकस बढ़ा दिया है। नई जिम्मेदारियों के जरिए पार्टी की कोशिश प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में संगठनात्मक गतिविधियों को अधिक प्रभावी बनाने की है।
AICC सचिवों को अपने-अपने क्षेत्रों में पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ समन्वय करने के साथ संगठन की स्थिति की समीक्षा करने की जिम्मेदारी दी गई है। इससे जिलों और विधानसभा क्षेत्रों में कांग्रेस की गतिविधियों को गति देने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है।
राजेंद्र पाल गौतम ने किया कार्य विभाजन
कांग्रेस के यूपी प्रभारी और SC विभाग के अध्यक्ष राजेंद्र पाल गौतम ने छह नवनियुक्त AICC सचिवों के बीच कार्य विभाजन किया है। आदेश के अनुसार प्रत्येक सचिव को एक अलग जोन सौंपा गया है।
इन सचिवों की जिम्मेदारी केवल संगठनात्मक बैठकों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि उन्हें अपने-अपने क्षेत्रों में पार्टी के कामकाज की समीक्षा और जमीनी स्तर पर संगठन की स्थिति का आकलन भी करना होगा।
अब्दुल हन्नान को अवध की कमान
कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव और उत्तर प्रदेश के सह प्रभारी अब्दुल हन्नान को अवध क्षेत्र की जिम्मेदारी दी गई है। अवध क्षेत्र कांग्रेस के लिए राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जाता है, जिसमें राजधानी लखनऊ समेत कई महत्वपूर्ण जिले शामिल हैं।
अब्दुल हन्नान अब अपने निर्धारित क्षेत्र में कांग्रेस संगठन को मजबूत करने, पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ समन्वय और विधानसभा स्तर की गतिविधियों की निगरानी करेंगे।
6 जोन में होगा संगठनात्मक काम
कांग्रेस ने प्रदेश को छह जोन में बांटकर संगठनात्मक जिम्मेदारी तय की है। इसका उद्देश्य प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में पार्टी की गतिविधियों की नियमित निगरानी और समीक्षा करना है।
नई व्यवस्था के तहत AICC सचिव अपने-अपने जोन में जिलों और विधानसभा क्षेत्रों के संगठनात्मक कामकाज पर नजर रखेंगे। स्थानीय स्तर पर आने वाली समस्याओं और संगठन से जुड़े मुद्दों को प्रदेश नेतृत्व तक पहुंचाने में भी उनकी भूमिका महत्वपूर्ण होगी।
विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस की तैयारी
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव की राजनीतिक तैयारियों के बीच कांग्रेस का यह संगठनात्मक कदम महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पार्टी लंबे समय से अपने संगठन को बूथ और विधानसभा स्तर पर मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रही है।
छह जोन में सचिवों की तैनाती के बाद अब प्रदेश नेतृत्व की नजर संगठन की सक्रियता, कार्यकर्ताओं की भागीदारी और स्थानीय स्तर पर पार्टी की तैयारियों पर रहेगी।
कांग्रेस के इस कदम से साफ है कि पार्टी उत्तर प्रदेश में केवल चुनावी रणनीति ही नहीं, बल्कि जमीनी संगठन को मजबूत करने पर भी जोर दे रही है। आने वाले दिनों में इन सचिवों की क्षेत्रीय सक्रियता से पार्टी के संगठनात्मक अभियान को और गति मिलने की उम्मीद है।




