लखनऊ में नकली कॉल सेंटर का खुलासा, ठगी करने वाले गिरोह पर शिकंजा
लखनऊ के शहीद पथ स्थित ओमेक्स रेजीडेंसी में चल रहे फर्जी कॉल सेंटर का पुलिस ने खुलासा किया है। क्राइम ब्रांच और सुशांत गोल्फ सिटी पुलिस ने मौके से आठ लोगों को पकड़ा है, जिन पर कॉल के जरिए ठगी करने का आरोप है।
लखनऊ। राजधानी लखनऊ में साइबर ठगी के एक बड़े नेटवर्क का पुलिस ने खुलासा किया है। शहीद पथ स्थित ओमेक्स रेजीडेंसी में चल रहे एक फर्जी कॉल सेंटर पर क्राइम ब्रांच और सुशांत गोल्फ सिटी पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए आठ लोगों को पकड़ा है।
पुलिस के मुताबिक, यहां से लोगों को फोन कॉल के माध्यम से ठगी का शिकार बनाया जा रहा था। पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ कर पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटाई जा रही है।
देर रात हुई छापेमारी
पुलिस के अनुसार, गुरुवार देर रात क्राइम ब्रांच और सुशांत गोल्फ सिटी थाने की टीम ने ओमेक्स रेजीडेंसी में छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान वहां एक कॉल सेंटर संचालित होता मिला।
मौके पर मौजूद आठ लोगों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कॉल सेंटर में संदिग्ध गतिविधियां संचालित की जा रही थीं।
ट्रांसफर कॉल के जरिए करते थे ठगी
पुलिस जांच में पता चला है कि इस फर्जी कॉल सेंटर में ट्रांसफर किए गए कॉल आते थे। इन कॉल के माध्यम से लोगों से संपर्क कर कथित रूप से ठगी की जाती थी।
आरोप है कि कॉल सेंटर से जुड़े लोग बातचीत के जरिए लोगों को अपने जाल में फंसाते थे और उनसे आर्थिक धोखाधड़ी करते थे।
आरोपियों से पूछताछ जारी
पुलिस ने पकड़े गए सभी आठ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। जांच टीम यह पता लगाने में जुटी है कि यह कॉल सेंटर कितने समय से चल रहा था और अब तक कितने लोगों को ठगी का शिकार बनाया गया।
इसके अलावा पुलिस कॉल सेंटर संचालकों, बैंक खातों, मोबाइल नंबरों और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की भी जांच कर रही है।
साइबर अपराध पर पुलिस की नजर
राजधानी में बढ़ते साइबर अपराधों को देखते हुए पुलिस लगातार फर्जी कॉल सेंटर और ऑनलाइन ठगी करने वाले गिरोहों के खिलाफ अभियान चला रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।



