जापान में CM योगी ने 600 किमी/घंटा की मैग्लेव ट्रेन का लिया अनुभव
“High Speed Train Maglev के तहत जापान दौरे पर CM Yogi Adityanath ने 600 किमी/घंटा रफ्तार वाली मैग्लेव ट्रेन में सफर किया। टोक्यो-नागोया कॉरिडोर का निरीक्षण कर यूपी में हाई-स्पीड, सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल परिवहन मॉडल पर फोकस किया।”
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में हाई-स्पीड, सुरक्षित और पर्यावरण के अनुकूल सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जापान दौरे पर पहुंचे मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने गुरुवार को हाई-स्पीड मैग्लेव ट्रेन में सफर किया। टोक्यो में आयोजित इस परीक्षण यात्रा के दौरान उन्होंने 600 किलोमीटर प्रति घंटा से अधिक की रफ्तार का रोमांचक अनुभव लिया।
मुख्यमंत्री ने लगभग 100 किलोमीटर की परीक्षण यात्रा की। यह ट्रेन पारंपरिक पटरियों पर नहीं चलती, बल्कि ‘मैग्नेटिक लेविटेशन’ तकनीक के जरिए चुंबकीय शक्ति के सहारे हवा में तैरते हुए दौड़ती है। इसकी परिचालन गति 600 से 700 किमी/घंटा तक बताई जाती है, जिससे लंबी दूरी की यात्रा बेहद कम समय में पूरी हो सकती है।
टोक्यो-नागोया कॉरिडोर का किया निरीक्षण
सीएम योगी ने Tokyo-Nagoya Corridor के निरीक्षण के दौरान यह सफर किया। यह परियोजना 2027 तक चालू होने की योजना है और जापान की उन्नत परिवहन तकनीक का प्रतीक मानी जा रही है।
जापान के यामानाशी क्षेत्र में संचालित इस मैग्लेव प्रणाली को दुनिया की सबसे तेज रफ्तार ट्रेनों में गिना जाता है। परीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने तकनीकी विशेषज्ञों से इसकी संरचना, सुरक्षा प्रणाली और ऊर्जा दक्षता के बारे में जानकारी भी ली।
यूपी में स्मार्ट मोबिलिटी को मिलेगी दिशा
मुख्यमंत्री की यह यात्रा उत्तर प्रदेश में आधुनिक परिवहन अवसंरचना, मेट्रो कनेक्टिविटी और स्मार्ट मोबिलिटी परियोजनाओं को नई गति देने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। प्रदेश सरकार हाई-स्पीड कॉरिडोर, रैपिड रेल और हरित परिवहन मॉडल को बढ़ावा देने पर जोर दे रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि मैग्लेव जैसी अत्याधुनिक तकनीक का अध्ययन भविष्य में भारत के बड़े महानगरों और औद्योगिक कॉरिडोरों में तेज, सुरक्षित और पर्यावरण-अनुकूल परिवहन व्यवस्था विकसित करने में सहायक हो सकता है।




