यूपी पुलिस और होमगार्ड भर्ती में ऊंचाई-सीने की दोबारा होगी माप, हाईकोर्ट का आदेश

यूपी पुलिस सिपाही और होमगार्ड भर्ती 2025 के कुछ अभ्यर्थियों को इलाहाबाद हाईकोर्ट से राहत। KGMU लखनऊ में 31 अक्टूबर को दोबारा होगी ऊंचाई और सीने की माप, 4 नवंबर को कोर्ट में रिपोर्ट पेश होगी।
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश पुलिस सिपाही भर्ती 2025 और होमगार्ड भर्ती 2025 में शारीरिक मानक परीक्षा के दौरान ऊंचाई या सीने की माप कम बताए जाने से बाहर हुए कुछ अभ्यर्थियों को इलाहाबाद हाईकोर्ट से राहत मिली है। कोर्ट ने ऐसे पात्र याचिकाकर्ताओं की दोबारा माप कराने के लिए किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU), लखनऊ के प्राचार्य को मेडिकल बोर्ड गठित करने का निर्देश दिया है।
न्यायमूर्ति मनीष कुमार निगम ने अनुज कुमार और 60 से अधिक संबंधित याचिकाओं पर सुनवाई के दौरान यह आदेश दिया। आदेश के मुताबिक, संबंधित अभ्यर्थियों की ऊंचाई या सीने की माप 31 अक्टूबर 2026 को की जाएगी। मेडिकल बोर्ड को अपनी रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में 4 नवंबर को अदालत में प्रस्तुत करनी होगी। इसी दिन मामलों की अगली सुनवाई भी निर्धारित है।
माप में अंतर को लेकर उठे सवाल
अदालत ने कहा कि एक-दो साल के भीतर किसी व्यक्ति की ऊंचाई या सीने के माप में बदलाव की संभावना सामान्यतः कम होती है। ऐसे में पहले की परीक्षाओं में निर्धारित शारीरिक मानकों पर खरे उतरने के बावजूद वर्तमान भर्ती में माप कम आने के मामलों में त्रुटि की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
याचिकाओं को अलग-अलग श्रेणियों में बांटकर विचार किया गया। इनमें पहले की परीक्षाओं में ऊंचाई या सीने के मानक पर सफल रहे अभ्यर्थी, अलग-अलग चरणों में माप में अंतर पाए जाने वाले अभ्यर्थी और अपील प्रक्रिया की जानकारी या समय-सीमा के कारण अपील नहीं कर पाने वाले अभ्यर्थी शामिल थे।
31 अक्टूबर को KGMU में होना होगा उपस्थित
हाईकोर्ट के आदेश के अनुसार, संबंधित याचिकाकर्ताओं को 31 अक्टूबर 2026 को सुबह 10 बजे तक KGMU लखनऊ में उपस्थित होना होगा। उन्हें अलग से सूचना नहीं दी जाएगी।
अभ्यर्थियों को अपना आधार कार्ड या अन्य पहचान पत्र, शारीरिक मानक परीक्षा (PST) का प्रवेश पत्र और अदालत के आदेश की प्रमाणित प्रति साथ लानी होगी। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित दिन अनुपस्थित रहने पर अतिरिक्त अवसर नहीं दिया जाएगा।
माप के दौरान पहचान सुनिश्चित करने के लिए उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड का एक अधिकारी मौजूद रहेगा। होमगार्ड अभ्यर्थियों के मामले में महानिदेशक या कमांडेंट जनरल होमगार्ड की ओर से अधिकारी भेजा जाएगा। अधिकारियों को पहले दर्ज माप की जानकारी मेडिकल बोर्ड को नहीं देनी होगी।
निजी डॉक्टरों के प्रमाणपत्र पर नहीं मिली राहत
अदालत ने निजी अस्पतालों या डॉक्टरों के प्रमाणपत्रों के आधार पर ऊंचाई या सीने की माप को चुनौती देने वाले एक समूह के अभ्यर्थियों को राहत नहीं दी और उनकी याचिकाएं खारिज कर दीं। राज्य सरकार की ओर से दलील दी गई थी कि संबंधित प्रमाणपत्रों में माप के समय अभ्यर्थियों की पहचान की पुष्टि और माप कराने के उद्देश्य का पर्याप्त विवरण नहीं था।
32,679 पदों पर हो रही है सिपाही भर्ती
उत्तर प्रदेश पुलिस सिपाही भर्ती 2025 के तहत 32,679 पदों पर सीधी भर्ती की प्रक्रिया शुरू की गई थी। उपलब्ध विवरण के अनुसार, लिखित परीक्षा 8, 9 और 10 जून 2026 को प्रदेश के सभी 75 जिलों में आयोजित हुई थी। भर्ती के लिए लगभग 28.86 लाख अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था, जबकि करीब 21.92 लाख अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए थे।
हाईकोर्ट के इस आदेश के बाद संबंधित अभ्यर्थियों की दोबारा शारीरिक माप और मेडिकल बोर्ड की रिपोर्ट पर अगली सुनवाई में विचार किया जाएगा।



