Breaking NewsE-paperMain Slidesउत्तर प्रदेशराजनीतिराज्यलखनऊसमाचार

‘सुरक्षा हटे तो भीगी बिल्ली बनने में देर नहीं लगेगी’, CM योगी ने विपक्ष पर साधा निशाना

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में पुलिस समारोह के दौरान पूर्ववर्ती सपा सरकार पर कानून-व्यवस्था को लेकर निशाना साधा। 87 इंटरसेप्टर वाहनों को हरी झंडी दिखाने के साथ 26 पुलिसकर्मियों को वीरता पदक प्रदान किए गए।

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर पूर्ववर्ती समाजवादी पार्टी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि 2017 से पहले प्रदेश के कई जिलों में माफिया का प्रभाव था और समानांतर सत्ता जैसी स्थिति दिखाई देती थी। मुख्यमंत्री ने यह बातें गुरुवार को लखनऊ स्थित लोकभवन में आयोजित पुलिस सम्मान एवं इंटरसेप्टर वाहनों के फ्लैग ऑफ कार्यक्रम में कहीं।

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि बंद कमरे में बैठकर किसी व्यक्ति के बारे में टिप्पणी करना आसान है, लेकिन वास्तविक परिस्थितियों का सामना अलग होता है। उन्होंने कहा कि कोई व्यक्ति कितना भी बड़ा क्यों न हो, अगर सुरक्षा का घेरा हटा दिया जाए तो अराजक माहौल में उसे भीगी बिल्ली बनने में देर नहीं लगेगी। यह टिप्पणी उनके पुलिस और सुरक्षा व्यवस्था पर केंद्रित संबोधन के दौरान सामने आई।

2017 से पहले की कानून-व्यवस्था पर साधा निशाना

सीएम योगी ने कहा कि 2017 से पहले प्रदेश के हर जिले में दुर्दांत माफिया के प्रभाव का दावा किया जाता था और माफिया समानांतर सरकार चलाने की स्थिति में थे। उनके अनुसार उस समय पुलिस भी कई परिस्थितियों में मजबूर नजर आती थी। मुख्यमंत्री ने मौजूदा सरकार के कार्यकाल में पुलिस सुधार और आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल को कानून-व्यवस्था से जोड़कर प्रस्तुत किया।

उन्होंने कहा कि 2017 के बाद पुलिस सुधारों को आगे बढ़ाया गया और पूर्व डीजीपी प्रकाश सिंह द्वारा लंबे समय से उठाए जा रहे पुलिस सुधार के मुद्दों को उत्तर प्रदेश में लागू करने की दिशा में कदम उठाए गए। मुख्यमंत्री के अनुसार अब यूपी पुलिस के कामकाज में विचार, वीरता और तकनीक का समन्वय दिखाई देता है।

यूपी पुलिस को मिले 87 इंटरसेप्टर वाहन

कार्यक्रम का एक प्रमुख हिस्सा सड़क सुरक्षा से जुड़ा रहा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 87 अत्याधुनिक इंटरसेप्टर वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार इनमें 25 चारपहिया और 62 दोपहिया इंटरसेप्टर वाहन शामिल हैं। इनका इस्तेमाल यातायात नियमों के प्रभावी प्रवर्तन और सड़क सुरक्षा मानकों की निगरानी में किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने सड़क सुरक्षा को प्रदेश के सामने बड़ी चुनौती बताते हुए कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में हर वर्ष बड़ी संख्या में लोगों की जान जाती है। उन्होंने तकनीक और प्रभावी प्रवर्तन के जरिए सड़क दुर्घटनाओं को नियंत्रित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।

26 पुलिसकर्मियों को वीरता पदक

लोकभवन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान 26 पुलिसकर्मियों को वीरता पदक से सम्मानित किया गया। रिपोर्ट के अनुसार इनमें गणतंत्र दिवस 2025 के अवसर पर घोषित राष्ट्रपति वीरता पदक पाने वाले 16 पुलिसकर्मी और गणतंत्र दिवस 2026 के अवसर पर घोषित मुख्यमंत्री वीरता पदक पाने वाले 10 पुलिसकर्मी शामिल हैं।

मुख्यमंत्री ने पुलिसकर्मियों के साहस और कर्तव्यनिष्ठा की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस बल के सामने सुरक्षा के साथ-साथ बदलती तकनीकी चुनौतियों से निपटने की जिम्मेदारी भी है।

प्रकाश सिंह की पुस्तक ‘संघर्ष’ का विमोचन

समारोह में उत्तर प्रदेश के पूर्व पुलिस महानिदेशक एवं पद्मश्री प्रकाश सिंह की पुस्तक ‘संघर्ष’ का भी विमोचन किया गया। प्रकाश सिंह ने बताया कि यह पुस्तक केवल आत्मकथा के रूप में नहीं, बल्कि उनके सेवाकाल के महत्वपूर्ण अनुभवों और उनसे मिली सीख को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने के उद्देश्य से लिखी गई है।

मुख्यमंत्री ने प्रकाश सिंह के पुलिस सेवा के अनुभवों का उल्लेख करते हुए तराई क्षेत्र में आतंकवाद के दौर को भी याद किया। उन्होंने कहा कि उस समय कई क्षेत्रों में सुरक्षा बलों की मौजूदगी के बीच ही आवागमन संभव हो पाता था।

‘आपकी सुरक्षा, हमारा संकल्प’ पर जोर

मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश पुलिस की थीम ‘आपकी सुरक्षा, हमारा संकल्प’ का उल्लेख करते हुए कहा कि समाज में सुरक्षित वातावरण होने पर ही स्वस्थ चिंतन और विकास की परिस्थितियां तैयार होती हैं। कार्यक्रम में पुलिस आधुनिकीकरण, सड़क सुरक्षा और तकनीक के इस्तेमाल को भी प्रमुखता दी गई।

कार्यक्रम में समाज कल्याण मंत्री असीम अरुण, पूर्व डीजीपी प्रकाश सिंह, उत्तर प्रदेश के डीजीपी राजीव कृष्ण, अपर मुख्य सचिव गृह संजय प्रसाद, स्वामी धर्मबंधु, प्रभात प्रकाशन से पवन अग्रवाल समेत पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button