लोकायुक्त बिल लागू करो… वरना जीवन व्यर्थ: अन्ना हजारे ने दी आमरण अनशन की चेतावनी
“अन्ना हजारे ने महाराष्ट्र में लोकायुक्त बिल लागू न होने पर फिर आमरण अनशन की चेतावनी दी। कहा—लोगों के हक की लड़ाई में पीछे नहीं हटेंगे।”
महाराष्ट्र | समाजसेवी और भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलनों के प्रतीक अन्ना हजारे ने एक बार फिर महाराष्ट्र सरकार के खिलाफ आमरण अनशन की घोषणा कर दी है। हजारे का कहना है कि राज्य सरकार ने 28 दिसंबर 2022 को विधानसभा तथा 15 दिसंबर 2023 को विधान परिषद में लोकायुक्त बिल पास तो कर दिया, लेकिन दो साल बीत जाने के बावजूद इसे अब तक लागू नहीं किया गया है।
अन्ना हजारे ने कहा कि वह “लोकों के हक और न्याय” के लिए यह संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जानबूझकर इस बिल को लागू होने से रोक रही है, जबकि जनता भ्रष्टाचार मुक्त शासन चाहती है।
हजारे ने भावुक होते हुए कहा कि यदि सशक्त लोकायुक्त कानून लागू नहीं किया गया तो “जीने की इच्छा भी समाप्त हो रही है।” उन्होंने इसे जनता के अधिकारों की लड़ाई बताया और कहा कि आने वाले दिनों में वह रामलीला मैदान जैसे बड़े आंदोलन की तर्ज पर फिर एक बड़े जनआंदोलन के लिए तैयार हैं।
सूत्रों के अनुसार, हजारे इस बार समयबद्ध कार्रवाई चाहते हैं और सरकार से लिखित आश्वासन ही मानेंगे। हजारे पहले भी कई बार भूख हड़ताल के ज़रिए कई महत्वपूर्ण विधेयकों को लागू करवाते रहे हैं।
महाराष्ट्र सरकार की ओर से अब तक इस चेतावनी पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, मगर राजनीतिक हलकों में इस ऐलान ने हलचल बढ़ा दी है।

