महोबा में मंत्री-विधायक टकराव के बाद पिता ने बेटे बृजभूषण पर साधा निशाना
“महोबा में जल जीवन मिशन को लेकर मंत्री स्वतंत्र देव सिंह और भाजपा विधायक बृजभूषण राजपूत के बीच टकराव के बाद सियासी घमासान तेज हो गया। पूर्व सांसद पिता गंगाचरण राजपूत की फेसबुक पोस्ट ने विवाद को और हवा दी।”
लखनऊ। महोबा मंत्री विधायक विवाद ने उत्तर प्रदेश की राजनीति में नया सियासी तूफान खड़ा कर दिया है। जल जीवन मिशन की बदहाली को लेकर जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह और भाजपा के चरखारी विधायक बृजभूषण राजपूत के बीच हुई तीखी झड़प अब पारिवारिक और संगठनात्मक स्तर तक पहुंच गई है।
मंत्री-विधायक टकराव से गरमाई राजनीति
शुक्रवार शाम हुए इस टकराव के बाद विधायक बृजभूषण राजपूत के लगातार बयान सोशल मीडिया पर वायरल होने लगे। मामला इतना बढ़ा कि भाजपा हाईकमान को हस्तक्षेप करना पड़ा। पार्टी सूत्रों के मुताबिक विधायक को सख्त अल्टीमेटम भी दिया गया है।
पिता की फेसबुक पोस्ट ने बढ़ाया बवाल
विवाद के बीच विधायक के पिता और पूर्व सांसद गंगाचरण राजपूत ने फेसबुक पर एक भावुक पोस्ट साझा की। उन्होंने लिखा— “अहंकार मनुष्य का सबसे बड़ा दुश्मन है… महादेव मेरे बेटे बृजभूषण को सद्बुद्धि दें, कोई खुद को पार्टी से बड़ा न समझे।”
हालांकि करीब दो घंटे बाद यह पोस्ट हटा ली गई, लेकिन तब तक यह राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन चुकी थी।
हाईकमान की सख्ती के संकेत
भाजपा सूत्रों का कहना है कि पार्टी नेतृत्व मंत्री-विधायक विवाद और सोशल मीडिया बयानों से नाराज है। संगठन चाहता है कि अंदरूनी मतभेद सार्वजनिक न हों, खासकर ऐसे समय में जब सरकार की योजनाएं ज़मीनी स्तर पर लागू की जा रही हैं।
विधायक की सफाई
भाजपा विधायक बृजभूषण राजपूत ने स्पष्ट किया— “मैंने न मुख्यमंत्री के खिलाफ बोला है और न पार्टी के। मेरी लड़ाई सिर्फ सिस्टम से है। जल जीवन मिशन में अब काम शुरू हो गया है। मैं भाजपा के साथ हूं और रहूंगा।”
पिता का बयान
पूर्व सांसद गंगाचरण राजपूत ने कहा— “मैं एक पिता होने का दायित्व निभा रहा हूं। पार्टी सर्वोपरि है। जो गलती करता है, उसे समझाया जाता है। भाजपा लोकतांत्रिक पार्टी है।”


