शिक्षक दिवस पर 81 शिक्षकों को सम्मान, योगी ने दिया राज्य और मुख्यमंत्री अध्यापक पुरस्कार

शिक्षक दिवस पर गोरखपुर में सीएम योगी आदित्यनाथ ने 81 शिक्षकों को सम्मानित किया। 76 को राज्य और 5 को मुख्यमंत्री अध्यापक पुरस्कार-2025 मिला। प्रत्येक को 25 हजार रुपये दिए गए।
गोरखपुर : शिक्षक दिवस के अवसर पर शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले उत्तर प्रदेश के 81 शिक्षकों को सम्मानित किया गया। गोरखपुर के योगिराज बाबा गंभीरनाथ प्रेक्षागृह में आयोजित राज्य स्तरीय समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चयनित शिक्षकों को राज्य अध्यापक पुरस्कार-2025 और मुख्यमंत्री अध्यापक पुरस्कार-2025 प्रदान किए।
समारोह में बेसिक शिक्षा विभाग के 61 और माध्यमिक शिक्षा विभाग के 20 शिक्षक शामिल रहे। सम्मान पाने वाले 81 शिक्षकों में 33 महिला शिक्षक भी हैं। इनमें 76 शिक्षकों को राज्य अध्यापक पुरस्कार, जबकि स्ववित्तपोषित माध्यमिक विद्यालयों के पांच शिक्षकों को मुख्यमंत्री अध्यापक पुरस्कार प्रदान किया गया।
शिक्षा में नवाचार और बेहतर कार्य को मिला सम्मान
समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ऐसे शिक्षकों को सम्मानित किया, जिन्होंने विद्यार्थियों की शिक्षा, नवाचार और सामाजिक विकास के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया है। राज्य स्तरीय पुरस्कार समारोह में शिक्षकों के समर्पण और उनकी भूमिका को रेखांकित किया गया।
इस अवसर पर माध्यमिक शिक्षा राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार गुलाब देवी और बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार संदीप सिंह भी मौजूद रहे।
25 हजार रुपये के साथ प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिह्न
पुरस्कार पाने वाले प्रत्येक शिक्षक को 25 हजार रुपये की सम्मान राशि, प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिह्न प्रदान किया गया। राज्य अध्यापक पुरस्कार प्राप्त करने वाले शिक्षकों को अतिरिक्त सुविधाएं भी मिलेंगी।
इन शिक्षकों को सेवानिवृत्ति की आयु सीमा में दो वर्ष की वृद्धि का लाभ दिया जाएगा। इसके अलावा उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की बसों में प्रतिवर्ष 4,000 किलोमीटर तक निश्शुल्क यात्रा की सुविधा भी उपलब्ध होगी।
बेसिक शिक्षा विभाग के 61 शिक्षक सम्मानित
बेसिक शिक्षा विभाग के पुरस्कार प्राप्त शिक्षकों में आगरा की संगीता शर्मा, अमरोहा की गीता वर्मा, बहराइच की प्रीति मिश्रा, बलरामपुर की सलमा खान, भदोही की उर्मिला देवी, बिजनौर की रचना कपूर, बदायूं की किरन देवी, बुलंदशहर की जूही मलिक, चंदौली की उषा सिंह, फर्रुखाबाद की गीता वर्मा, गौतमबुद्धनगर की अर्चना पांडेय, गाजियाबाद की ज्योत्स्ना गोस्वामी, हापुड़ की शुचि त्यागी और हरदोई की विजया अवस्थी शामिल हैं।
इसी क्रम में हाथरस की पल्लवी चतुर्वेदी, झांसी की प्रीति श्रीवास्तव, कन्नौज की डॉ. सुमनलता यादव, कानपुर नगर की डॉ. कामायनी शर्मा, कौशाम्बी की सुमन कुशवाहा, ललितपुर की प्रीति गुप्ता, लखनऊ की विनीता, मैनपुरी की सीमा कुमारी, मेरठ की प्रतिभा रानी भारती, मुरादाबाद की सुनीता रानी, मुजफ्फरनगर की आरती शर्मा, रामपुर की वैलेंटिना विक्टर, श्रावस्ती की अमिता टंडन, सोनभद्र की मीरा सिंह, उन्नाव की प्रीति भारती और वाराणसी की नीलम राय को भी राज्य अध्यापक पुरस्कार मिला।
पीलीभीत की सय्यदा, गोंडा के सुनीत मित्र पांडेय, अलीगढ़ के अमर सिंह, अंबेडकरनगर के राम मिलन गुप्ता, अयोध्या के पंकज कुमार द्विवेदी, आजमगढ़ के प्रदीप कुमार सिंह, बलिया के अजीत कुमार श्रीवास्तव, बाराबंकी के राहुल कुमार शुक्ल, चित्रकूट के हरिशंकर त्रिपाठी, एटा के ओमवीर सिंह, इटावा के वीरेंद्र सिंह, फतेहपुर के आनंद कुमार मिश्र, गाजीपुर के संतोष कुशवाहा, हमीरपुर के नीतिराज सिंह, महराजगंज के राजेश कुमार उपाध्याय, जौनपुर के संजय कुमार मिश्र और कानपुर देहात के विनीत कुमार मिश्र भी सम्मानित हुए।
इसके अलावा कासगंज के धनंजय प्रताप सिंह, लखीमपुर खीरी के प्रमोद कुमार, गोरखपुर के नवीन कुमार त्रिपाठी, महोबा के ओमप्रकाश तिवारी, मऊ के अनिल कुमार मौर्य, मिर्जापुर के दयानंद मिश्रा, प्रतापगढ़ के डॉ. देवेंद्र सिंह, प्रयागराज के रामलखन मौर्या, सम्भल के बृजकिशोर, शाहजहांपुर के अरुण कुमार गुप्ता, शामली के दिनकर चौहान, सिद्धार्थनगर के महेश कुमार, सीतापुर के अतुल शर्मा और सुल्तानपुर के सत्येंद्र कुमार सिंह को भी राज्य अध्यापक पुरस्कार दिया गया।
गोरखपुर के पीएम श्री कंपोजिट विद्यालय उनवल प्रथम, बांसगांव के सहायक अध्यापक नवीन कुमार त्रिपाठी को पुरस्कार मिलने से जिले के शिक्षकों में विशेष उत्साह देखने को मिला।
माध्यमिक शिक्षा के 15 शिक्षकों को राज्य अध्यापक पुरस्कार
माध्यमिक शिक्षा विभाग से गाजियाबाद की रेनू तोमर, वाराणसी के डॉ. रमेश प्रताप सिंह, रायबरेली के गिरिजेश कुमार मल्ल, मुरादाबाद के डॉ. अनुज कुमार अग्रवाल, गोरखपुर के महेश्वर प्रसाद त्रिपाठी, संतकबीरनगर के अरुण कुमार ओझा, रामपुर के डॉ. गौरव वार्ष्णेय, संतकबीरनगर के डॉ. अभिषेक कुमार सिंह, हापुड़ के अमित कुमार शर्मा, भदोही के डॉ. हरिश्चन्द्र यादव, फिरोजाबाद के अश्वनी कुमार जैन, बरेली के राजपाल, डॉ. संजय कुमार सिंह, आगरा के गुणधर लाल जैन और वाराणसी के प्रकाश नारायण सिंह को राज्य अध्यापक पुरस्कार मिला।
गोरखपुर के एलपीके इंटर कॉलेज, बसडीला, सरदारनगर के भाषा अध्यापक महेश्वर प्रसाद त्रिपाठी भी पुरस्कार पाने वाले शिक्षकों में शामिल रहे।
पांच शिक्षकों को मुख्यमंत्री अध्यापक पुरस्कार
स्ववित्तपोषित माध्यमिक विद्यालयों के पांच शिक्षकों को मुख्यमंत्री अध्यापक पुरस्कार-2025 से सम्मानित किया गया। इनमें लखीमपुर खीरी के डॉ. योगेन्द्र प्रताप सिंह, प्रयागराज के विक्रम बहादुर सिंह परिहार, झांसी की कल्पना सिंह, गाजियाबाद के डॉ. आनंद कुमार और बरेली के विजय पाल शामिल हैं।
शिक्षक दिवस पर आयोजित यह समारोह शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर काम करने वाले शिक्षकों के लिए सम्मान के साथ-साथ प्रेरणा का अवसर भी बना। सम्मानित शिक्षकों ने पुरस्कार को विद्यार्थियों, विद्यालयों, अभिभावकों और समाज के सहयोग का परिणाम बताया तथा भविष्य में शिक्षा की गुणवत्ता और नवाचार को आगे बढ़ाने का संकल्प व्यक्त किया।



