Breaking NewsE-paperउत्तर प्रदेशप्रयागराजराजनीतिराज्यलखनऊवाराणसीसमाचार

अविमुक्तेश्वरानंद गिरफ्तारी: वाराणसी पहुंची प्रयागराज पुलिस, कभी भी हो सकती है कार्रवाई

“अविमुक्तेश्वरानंद गिरजाघर को लेकर वाराणसी में हलचल तेज है। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के खिलाफ झूंसी थाने में पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज होने के बाद उत्तर प्रदेश पुलिस की टीम ने वाराणसी में केस दर्ज किया है। जानिए पूरा मामला, कानूनी स्थिति और राजनीतिक प्रतिक्रिया।”

वाराणसी/प्रयागराज। प्रयागराज में दर्ज यौन शोषण के मुकदमे के बाद स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती की गिरफ्तारी के कयास तेज हो गए हैं। इसी सिलसिले में प्रयागराज पुलिस की एक टीम Varanasi पहुंच चुकी है और उनके श्री विद्या मठ आश्रम पर नजर बनाए हुए है।

हालांकि समाचार लिखे जाने तक पुलिस आश्रम के भीतर नहीं पहुंची थी, लेकिन आश्रम परिसर में हलचल बढ़ गई है और वकीलों की टीम ने वहां डेरा डाल रखा है।

पॉक्सो एक्ट समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और उनके एक शिष्य के खिलाफ झूंसी थाने में बच्चों के यौन शोषण के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई है। मुकदमा पॉक्सो एक्ट सहित गंभीर धाराओं में दर्ज हुआ है, जिनमें अधिकतम 10 साल तक की सजा का प्रावधान है।

कानूनी विशेषज्ञों के मुताबिक, इन धाराओं में गिरफ्तारी की संभावना प्रबल मानी जाती है।

वकीलों की बैठक, हाईकोर्ट जाने की तैयारी

स्वामी के अधिवक्ता मदन मिश्रा ने कहा कि अभी तक आरोप लगाने वाले बच्चों के बयान दर्ज नहीं हुए हैं। उन्होंने इसे झूठा मुकदमा बताते हुए कहा कि पुलिस की कार्रवाई का कानूनी तरीके से सामना किया जाएगा।

उन्होंने बताया कि जरूरत पड़ी तो निचली अदालत से लेकर हाईकोर्ट तक चुनौती दी जाएगी।

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने भी कहा कि उन्होंने अपनी लीगल टीम के साथ बैठक की है और आगे की रणनीति पर चर्चा हुई है। संभव है कि उनकी टीम जल्द ही हाईकोर्ट का रुख करे।

“गिरफ्तारी होगी तो विरोध नहीं करेंगे”

स्वामी ने स्पष्ट कहा कि वे कहीं भाग नहीं रहे हैं और आश्रम में ही मौजूद हैं। उन्होंने कहा, “अगर गिरफ्तारी जरूरी है तो हम विरोध नहीं करेंगे, जांच में पूरा सहयोग करेंगे।”

उन्होंने पुलिस कार्रवाई को लेकर अविश्वास जताते हुए कहा कि जांच निष्पक्ष और कानून के दायरे में होनी चाहिए।

राजनीतिक हलचल तेज

मामले को लेकर राजनीतिक गतिविधियां भी तेज हो गई हैं।

  • Samajwadi Party के जिला अध्यक्ष सुजीत यादव समेत पार्टी नेताओं का प्रतिनिधिमंडल आश्रम पहुंचा। बताया गया कि यह मुलाकात Akhilesh Yadav के निर्देश पर हुई।

  • Indian National Congress के पार्षद और यूथ कांग्रेस के नेताओं ने भी स्वामी से मुलाकात की। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि यदि गिरफ्तारी होती है तो पार्टी ‘जेल भरो आंदोलन’ चलाएगी।

समाजवादी पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि सरकार राजनीतिक द्वेष के तहत कार्रवाई कर रही है।

आश्रम में बढ़ी सुरक्षा, समर्थकों की मौजूदगी

आश्रम परिसर में समर्थकों और श्रद्धालुओं की आवाजाही बढ़ गई है। हालांकि स्वामी ने कहा कि उन्होंने किसी अधिवक्ता को आश्रम नहीं बुलाया है, कुछ लोग श्रद्धा के चलते मौजूद हैं।

उन्होंने रामचरितमानस के प्रसंगों का उल्लेख करते हुए कहा कि “ढोंग और छल का अंत एक दिन जरूर होता है” और सत्य सामने आएगा।

आगे क्या?

प्रयागराज पुलिस की टीम वाराणसी में डेरा डाले हुए है। कानूनी प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई किसी भी समय हो सकती है।

मामला संवेदनशील होने के कारण प्रशासन भी स्थिति पर नजर बनाए हुए है। यदि गिरफ्तारी होती है तो इसका राजनीतिक और सामाजिक असर भी देखने को मिल सकता है।

Related Articles

Back to top button